लाइव देवभूमि भारत संवाददाता – देहरादून/उत्तराखंड।
भारतीय किसान यूनियन (प्रधान) के प्रदेश अध्यक्ष, उत्तराखंड रवि पंवार ने अपने पद एवं संगठन की प्राथमिक सदस्यता से इस्तीफा दे दिया है। रवि पंवार पिछले लगभग तीन वर्षों से भारतीय किसान यूनियन (प्रधान) से जुड़े रहे और इस दौरान उन्होंने किसानों के हितों की आवाज़ को मजबूती से उठाने का कार्य किया।
रवि पंवार किसान आंदोलन के समय से ही एक सक्रिय और प्रमुख किसान चेहरे के रूप में जाने जाते हैं। उन्होंने अपना जीवन किसानों के अधिकारों, सम्मान और उनकी समस्याओं के समाधान के लिए समर्पित किया है। समय-समय पर उन्होंने किसान गोष्ठियों का आयोजन किया, सरकारी योजनाओं की जानकारी किसानों तक पहुँचाई तथा विभिन्न कृषि संबंधी समस्याओं के समाधान के लिए लगातार प्रयास किए।
उनके नेतृत्व में उत्तराखंड में संगठन ने उल्लेखनीय विस्तार किया। नारसन बॉर्डर से लेकर नीति-माणा घाटी तक संगठन की मजबूत उपस्थिति स्थापित हुई और अनेक जिलों में संगठनात्मक ढांचा तैयार किया गया। किसानों के बीच संवाद, संगठन और संघर्ष की दिशा में किए गए कार्यों को व्यापक सराहना मिली।
रवि पंवार ने कहा कि किसानों के हित सर्वोपरि हैं और भविष्य में भी उनका संघर्ष किसानों के अधिकारों, सम्मान और समृद्धि के लिए निरंतर जारी रहेगा। इसी उद्देश्य को आगे बढ़ाते हुए अब वे अंतर्राष्ट्रीय किसान यूनियन के माध्यम से राष्ट्रीय एवं वैश्विक स्तर पर किसानों की आवाज़ को मजबूत करने का कार्य करेंगे।
उन्होंने बताया कि अंतर्राष्ट्रीय किसान यूनियन का उद्देश्य केवल भारत ही नहीं, बल्कि विश्वभर के किसानों को एक मंच पर जोड़कर उनके अधिकारों, कृषि सुरक्षा, तकनीकी उन्नयन तथा आर्थिक सशक्तिकरण के लिए कार्य करना है। संगठन की नई कार्यकारिणी, संगठनात्मक विस्तार और आगामी कार्ययोजना की विस्तृत जानकारी शीघ्र ही पत्रकार बंधुओं एवं आमजन के समक्ष प्रस्तुत की जाएगी।
रवि पंवार ने सभी किसानों, सहयोगियों और शुभचिंतकों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उनका संकल्प पहले की तरह अटल है और वे किसानों की सेवा के लिए पूरी निष्ठा एवं समर्पण के साथ कार्य करते रहेंगे।
जय जवान, जय किसान।
अंतर्राष्ट्रीय किसान यूनियन ज़िंदाबाद।









